Prabhat Times
Jalandhar जालंधर। सीए राजेश कक्कड़ का पक्ष सामने आया है। सीए कक्कड़ ने धोखाधड़ी के आरोपों को बेबुनियाद बताया।
सीए राजेश कक्कड़ ने कहा कि सतविन्द्र सिंह जोसन द्वारा उन्हें ब्लैकमेल किया जा रहा है। उनकी शिकायत सीए संस्थान में करके लाईसेंस करवाने की धमकी देकर उनसे लाखों रूपए लिए गए।
सीए राजेश कक्कड़ ने कहा कि उन्होनें दिसंबर महीने में पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई थी। जिसकी जांच चल रही है।
सीए राजेश कक्कड़ द्वारा भेजी गई लिखित शिकायत में बताया कि वे सतविन्द्र सिंह जोसन और उनकी पत्नी प्रीतपाल कौर जोसन द्वारा 2021 से चलाई जा रही पार्टनरशिप फर्म मैक कंसल्टेंटस एडं इजीनियर्स के लिए आडीटर व लीगल एडवाइज कर रहे थे।
सीए कक्कड़ ने बताया कि अप्रैल 2023 में सतविन्दर जोसन द्वारा मोहाली की एक कंपनी के खिलाफ केस फाइल करके 1.64 करोड़ रूपए के भुगतान और व्याज का दावे ठोंका।
इस मामले में फर्म की लीगल एडवाइजर होने के नाते उन्होनें उनके द्वारा बताए गए वकील से केस फाइल करवाया था।
सीए कक्कड़ ने दवा किया कि सतविन्द्रजोस ने उन्हें बताया कि उनका एक रिश्तेदार मोहाली में अधिकारी है, जिसकी हेल्प से वे मुकद्दमा जीत जाएंगे।
राजेश कक्कड़ ने शिकायत में आरोप लगाया कि जोसन द्वारा केस की सुनवाई के दौरान जोसन मुकद्दमा जीत गए। हालांकि दूसरे पक्ष द्वारा जोसन पक्ष द्वारा दिए गए मैन्यूअल दस्तावेजों पर सवाल उठाए, लेकिन वे मुकद्दमा जीत गए।
राजेश कक्कड़ ने बताया कि सितंबर 2024 में दूसरे पक्ष द्वारा फिर से रिट याचिका दायर की और जोसन के पक्ष में हुए फैसले पर अदालत ने स्टे कर दिया।
राजेश कक्कड़ के मुताबिक इसके पश्चात सतविन्द्र जोसन दोबारा उनके पास आए और फिर से वकील करने की बात कही।
राजेश ने बताया कि उन्होनें फिर से चंडीगढ़ में एक वकील करवा कर दिया। फर्म की लीगल एडवाइजर होने के कारण वे खुद भी केस की सुनवाई के लिए वहां गए। राजेश कक्कड़ के मुताबिक केस अभी अदालत में लंबित है।
राजेश कक्कड़ ने बताया कि कार्रवाई लंबित होने के कारण सतविंद्र जोसन ने उन्हें कहा कि कानूनी प्रक्रिया बहुत लंबी हो गई है।
राजेश कक्कड़ ने आरोप लगाया कि सतविन्द्र जोसन परेशान हो गए और उन पर दबाव डाला कि उनके माध्यम से चंडीगढ़ के वकील को दी गई 275000 फीस और 75000 रूपए यात्रा खर्च वापस मिलना चाहिए।
राजेश कक्कड़ ने हबताया कि इसके पश्चात उन्हें डराया गया कि अगर उन्हें पूरे पैसे वापस नहीं दिलवाए गए तो वे उनकी शिकायत सीए इंसटीच्यूट से करके उनका लाईसेंस रद्द करवा देंगे।
राजेश कक्कड़ के मुताबिक उन्होनें अलग अल दिनों में 3.5 लाख रूपए और फिर बाद में और पैसे लौटाए।
इसके पश्चात उनसे 15 लाख रूपए मांगे गए। उन्हें कहा गया कि गलत सलाह के कारण उनका 1.64 करोड़ का मामला अदालत में लंबित है।
राजेश कक्कड़ ने आरोप लगाया कि उन पर धोखाधड़ी के लगाए जा रहे आरोप गलत हैं, जबकि दूसरे पक्ष द्वारा उन्हें ब्लैकमेल करक लाखों रूपए ऐंठे गए हैं।
राजेश कक्कड़ ने बताया कि 18 दिसंबर को उनके द्वारा डीजीपी पंजाब, चीफ सैक्र्टेरी और सीम ऑफिस और पुलिस कमिश्नर को शिकायत दी गई थी। जिस पर जांच चल रही है। राजेश कक्कड़ ने पुलिस प्रशासन ने न्याय दिलवाने की अपील की है।
——————————————————-
ये भी पढ़ें
- जालंधर के 4 बड़े डाक्टरों के खिलाफ FIR दर्ज करने के आदेश, जानें पूरा मामला
- मान सरकार का शिक्षा विज़न का कमाल:25 स्कूलों में AI-आधारित करियर गाइडेंस पायलट प्रोजेक्ट लॉन्च
- फिर बढ़े गोल्ड के रेट, चांदी की कीमतों में उछाल, जानें लेटेस्ट रेट
- पंजाब सरकार का ऐलान! इस दिन से सभी स्कूलों में होगी सर्दियों की छुट्टियां
- कनाडा ने शुरू किया नया प्रोग्राम, अब इन भारतीयों को मिलेगी तुरंत PR












